अंबिकापुर में 26वीं राज्यस्तरीय शालेय क्रीड़ा प्रतियोगिता का शुभारंभ, 5 संभागों के खिलाड़ी ले रहे हिस्सा
अंबिकापुर, सरगुजा संभाग मुख्यालय अंबिकापुर में 26वीं राज्यस्तरीय शालेय क्रीड़ा प्रतियोगिता 2026 का रंगारंग शुभारंभ हुआ। शासकीय बहुउद्देशीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय (मल्टीपरपज स्कूल) मैदान में आयोजित कार्यक्रम में सांसद चिंतामणि महाराज ने बास्केट में बॉल डालकर प्रतियोगिता का उद्घाटन किया। चार दिवसीय इस आयोजन में बस्तर, बिलासपुर, दुर्ग, रायपुर और सरगुजा संभाग के खिलाड़ी हिस्सा ले रहे हैं। शुभारंभ समारोह में विद्यार्थियों ने बिहू नृत्य, पारंपरिक गीत-संगीत और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से समां बांधा।
सांसद चिंतामणि महाराज ने खिलाड़ियों को संबोधित करते हुए कहा कि खेल विद्यार्थियों के शारीरिक और मानसिक विकास के साथ अनुशासन, आत्मविश्वास तथा टीम भावना को मजबूत करते हैं। उन्होंने सभी खिलाड़ियों से पूरे उत्साह और खेल भावना के साथ प्रतियोगिता में भाग लेने तथा अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि हार-जीत खेल का हिस्सा है, लेकिन एक बेहतर खिलाड़ी वही होता है जो अनुशासन और सकारात्मक सोच के साथ अपना उत्कृष्ट प्रदर्शन करता है।
इस चार दिवसीय प्रतियोगिता में फुटबॉल, बास्केटबॉल, बैडमिंटन और सॉफ्टबॉल टेनिस की विभिन्न आयु वर्गों में स्पर्धाएं आयोजित की जा रही हैं। इनमें 19 वर्ष आयु वर्ग के बालकों की फुटबॉल, 14 एवं 17 वर्ष आयु वर्ग की बालिकाओं की बास्केटबॉल तथा 17 से 19 वर्ष आयु वर्ग के बालक-बालिकाओं की बैडमिंटन और सॉफ्टबॉल टेनिस प्रतियोगिताएं शामिल हैं। आयोजन का उद्देश्य विद्यार्थियों को अपनी खेल प्रतिभा दिखाने, प्रतिस्पर्धात्मक अनुभव प्राप्त करने और भविष्य की बड़ी प्रतियोगिताओं के लिए तैयार होने का अवसर प्रदान करना है।
कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष निरूपा सिंह, जिला पंचायत उपाध्यक्ष देवनारायण यादव, महापौर मंजूषा भगत और नगर निगम सभापति हरमिंदर सिंह टिन्नी सहित अन्य जनप्रतिनिधियों ने खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन किया। महापौर मंजूषा भगत ने विद्यार्थियों से स्वच्छ भारत अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाने और अपने घर, गांव तथा शहर को स्वच्छ रखने की अपील की।
कलेक्टर अजीत वसंत ने सभी संभागों से आए खिलाड़ियों का स्वागत करते हुए उन्हें शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को खेल के क्षेत्र में आगे बढ़ाने के लिए बेहतर अवसर और सुविधाएं उपलब्ध कराना आवश्यक है। कार्यक्रम में जिला पंचायत की मुख्य कार्यपालन अधिकारी, संयुक्त संचालक शिक्षा, जिला शिक्षा अधिकारी सहित शिक्षा विभाग के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।