महतारी वंदन योजना: सिलाई मशीन बना आत्मनिर्भरता का साधन
- ग्राम दौना की संतोषी डहरिया दो महिलाओं को भी दे रहीं रोजगार
- पति के निधन के बाद संभाल रही दो बच्चों की जिम्मेदारी
मुंगेली, मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की मंशानुरूप महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण के उद्देश्य से महतारी वंदन योजना का संचालन किया जा रहा है। नियमित आर्थिक सहायता महिलाओं को आत्मनिर्भर बनने की दिशा में नई ऊर्जा प्रदान कर रही है। जिले की अनेक महिलाएं इस राशि का उपयोग स्वरोजगार एवं परिवार की आवश्यकताओं को पूरा करने में कर रही हैं। इसी कड़ी में पथरिया विकासखण्ड के ग्राम दौना की संतोषी डहरिया ने भी घर पर ही सिलाई का कार्य शुरू किया और आज अन्य दो महिलाओं को रोजगार प्रदान कर रही है। सिलाई मशीन उनकी आत्मनिर्भरता का साधन बन गया है। पति के निधन के बाद दो छोटे बच्चों की जिम्मेदारी उनके कंधों पर आई, लेकिन उन्होंने परिस्थितियों के सामने हार मानने के बजाय अपने हुनर को अपनी ताकत बनाया और सिलाई कार्य को आजीविका का मजबूत सहारा बना लिया।
संतोषी ने बताया कि महतारी वंदन योजना की राशि से वे सिलाई संबंधी आवश्यक सामग्री खरीदने में करती हैं, इससे आर्थिक मदद मिल जाती है। उन्हें पहले से ही सिलाई का कार्य आता था, जिससे उन्होंने घर में सिलाई मशीन से काम शुरू किया। घरेलू जिम्मेदारियों और बच्चों की देखभाल के साथ वे नियमित रूप से सिलाई का कार्य करती रहीं। शुरुआती दौर में आमदनी सीमित थी, लेकिन उनके भीतर आगे बढ़ने का विश्वास मजबूत था। लगातार मेहनत और बेहतर काम के कारण धीरे-धीरे उनके पास सिलाई के अधिक काम आने लगे। समय के साथ उन्होंने अपने घर के सामने ही छोटी सी सिलाई दुकान शुरू कर ली। आज यही काम उनके परिवार की आय का मजबूत आधार बन चुका है।