राज्यपाल रमेन डेका ‘द्रोणाचार्य संगम-2026’ में हुए शामिल: कहा—समय का सदुपयोग और कठिन परिश्रम ही सफलता की कुंजी
बिलासपुर , शिक्षक दिवस के शुभ अवसर पर बिलासपुर के एसईसीएल-डीएवी पब्लिक स्कूल (वसंत विहार) में भव्य ‘द्रोणाचार्य संगम-2026’ समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में छत्तीसगढ़ के राज्यपाल रमेन डेका ने शिरकत की। इस अवसर पर शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य और सराहनीय योगदान देने वाले शिक्षकों को विभिन्न श्रेणियों में सम्मानित किया गया।
समय का सदुपयोग और तकनीक का सही मार्गदर्शन जरूरी
समारोह को संबोधित करते हुए राज्यपाल रमेन डेका ने समय के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि आज का युग इंटरनेट और आधुनिक तकनीक का है, जहां सूचनाएं और ज्ञान बच्चों की पहुंच में बहुत आसानी से उपलब्ध हैं। ऐसे समय में युवाओं और विद्यार्थियों को तकनीक का सही इस्तेमाल करते हुए, समय का सदुपयोग कर सही दिशा में आगे बढ़ना चाहिए।
आधुनिक शिक्षा में संस्कारों का समावेश आवश्यक
प्राचीन भारतीय शिक्षा पद्धति का स्मरण कराते हुए राज्यपाल ने कहा कि स्वतंत्रता के बाद देश के शिक्षा ढांचे में बड़े सुधार हुए हैं। पुरानी गुरुकुल परंपरा में गुरु न केवल ज्ञान देते थे, बल्कि विद्यार्थियों में उच्च संस्कारों का बीजारोपण भी करते थे। आज की आधुनिक शिक्षा में भी इन्हीं नैतिक मूल्यों और संस्कारों को शामिल करना बेहद जरूरी है। उन्होंने छात्रों से आह्वान किया कि वे निरंतर प्रयास करते रहें, क्योंकि कठिन परिश्रम ही सफलता का एकमात्र मार्ग है।
राष्ट्र निर्माण में शिक्षकों और परिवार की भूमिका
राज्यपाल ने जीवन के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण, देशभक्ति और कृतज्ञता के भाव पर बल दिया। उन्होंने कहा कि बच्चों में देशभक्ति की भावना जागृत करने से ही राष्ट्र को जागरूक नागरिक मिलेंगे। समाज और राष्ट्र निर्माण में शिक्षकों की भूमिका को रेखांकित करते हुए उन्होंने कहा कि शिक्षक केवल किताबी ज्ञान नहीं देते, बल्कि पूरे समाज को दिशा दिखाने और जागरूक बनाने का काम करते हैं।
शिक्षकों का सम्मान और संस्थागत साझेदारी की सराहना
‘द्रोणाचार्य संगम-2026’ के मंच से शिक्षा में नवाचार और उत्कृष्ट योगदान देने वाले शिक्षकों को सम्मानित किया गया। राज्यपाल ने सभी सम्मानित शिक्षकों के समर्पण की सराहना की। इस दौरान एसईसीएल (SECL) और डीएवी (DAV) प्रबंधन के बीच शिक्षा के प्रसार के लिए चल रहे पारस्परिक सहयोग को भी सराहा गया।
वरिष्ठ अधिकारी एवं गणमान्य नागरिक रहे मौजूद
समारोह में संभागायुक्त सुनील जैन, कलेक्टर संजय अग्रवाल, एसईसीएल के निदेशक बिरंची दास एवं हिमांशु जैन सहित एसईसीएल और डीएवी प्रबंधन के वरिष्ठ अधिकारी, शिक्षक-शिक्षिकाएं, विद्यार्थी और गणमान्य नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।