मछरी पालन करइया बर सुशासन शिविर बनिस वरदान
- अउ आधुनिक तकनीक ले मछरी पालन करना होइस आसान
रायपुर. दंतेवाड़ा जिला के अलग-अलग ग्राम पंचायत म कलस्टर वार होवत सुशासन शिविर ले जहाँ मौका मं ही गांव वाले मन के जादातर समस्या के समाधान करे जावत हे। उहें अलग-अलग विभाग डाहर ले हितग्राही ला आधुनिक तकनीक वाले यंत्र, उपकरण अउ सामग्री के मुफत मं बंटई करे जावत हे। एखर ले हितग्राही मं बढ़िया उत्साह देखे ला मिलत हे अउ ओमन बड़े संख्या मं पहुंचत हें। ए कड़ी मं बीते दिन भूसारास अउ हल्बारास मं होय सुशासन शिविर मं मछरी विभाग डाहर ले मछरी पालन करइया ला उन्नत जाल अउ आईस बाक्स बांट के ओमन के बियापारी ला सुभीता अउ आर्थिक रूप ले मजबूत बनाए के सफल कोसिस करे जावत हे।
विकासखंड कटेकल्याण के तहत ग्राम भूसारास मं 6 मई के होय शिविर मं हितग्राही हिड़मा मण्डावी अउ महादेव मरकाम घलो लाभ पाए वाले ग्रामीण मं ले एक हें। ए संबंध मं मछरी किसान हिड़मा ह बताइस कि ओहा बीते 10 बछर ले अपन खुद के जमीन मं 0.20 हेक्टेयर के तरिया बनाके भारतीय मेजर कार्प रोहू, कतला, मृगल मछरी ला डाल के मछरी पालन के काम करत हे। एखर ले ओला हर बछर 30 ले 40 हजार रुपय के मछरी बेंच के आमदनी होथे। हिड़मा ह बताइस कि पहिली ओकर तीर जाल नइ रहिस, जेखर सेती ओला किराया मं जाल लाके मछरी धरे ला परत रहिस। फेर राज्य सरकार के योजना मन के माध्यम ले सुशासन तिहार 2026 मं ओला मछरी धरे बर जाल दे गिस, जेखर ले अब मछरी धरे मं कोनो परेशानी नइ होही अउ किराया के खरचा ले बच के ओहा अउ बढ़िया कमाई कर पाही।
ओसने एक अउ आन हितग्राही महादेव मरकाम, पिता हड़मा (ग्राम भूसारास, वि.ख. कटेकल्याण) के मछरी किसान ला ‘सुशासन तिहार 2026’ मं विभागीय फुटकर मछरी बेंचई योजना के तहत मछरी बेंचें बर आईस बॉक्स दे गिस। काबर कि एखर पहिली किसान महादेव ला अपन तरिया ले निकाले मछरी ला तुरंते आस-पास के स्थानीय बजार मं ले जाए ला परत रहिस। मछरी ला रखे (स्टोरेज) बर आईस बॉक्स नइ होय के सेती मछरी के खराब होय के डर बने रहय। फेर अब महादेव खुस हे काबर कि सुशासन शिविर मं ओला आईस बॉक्स मिल गे हे। अब ओहा अपन तरिया के मछरी ला निकाल के बजार ले जाए मं कोनो परेशानी नइ उठाही अउ मछरी खराब होय के चिंता ले घलो राहत मिलही।
एखर अलावा ग्राम पंचायत हल्बारास (वि.ख. कुआकोंडा) मं घलो मछरी किसान परमेश्वर राना, पिता नवल राना अउ सुनील कुमार भोयर, पिता सामनाथ ला मछरी पालन के सामग्री मन के लाभ मिलिस। किसान परमेश्वर राना ह बीते 08 बछर ले अपन खुद के जमीन मं 0.50 हेक्टेयर के तरिया बनाके मछरी पालन के काम करत हे, जेखर ले ओला हर बछर 60 ले 70 हजार रुपय के आमदनी होथे। पहिली किसान तीर मछरी धरे बर जाल नइ रहिस, जेखर सेती ओला दिक्कत होत रहिस। अब सरकार के मंशा के मुताबिक आयोजित ‘सुशासन तिहार 2026’ मं विभाग डाहर ले ओला जाल दे गिस, जेखर ले ओला अब मछरी धरे मं कोनो परेशानी नइ होही।
उहें सुनील कुमार तीर घलो पहिली मछरी बेंचें बर बजार तक ले जाए के कोनो साधन नइ रहिस, जेखर ले मछरी खराब होय के संभावना बने रहय। फेर अब आईस बॉक्स मिल जाय ले ओला बजार तक मछरी ले जाए मं कोनो बाधा नइ आवय। ए परकार ले राज्य सरकार के मंशा के अनुरूप सुशासन शिविर ह हिड़मा मण्डावी, महादेव मरकाम, परमेश्वर राना, अउ सुनील कुमार भोयर जइसन सैकड़ों हितग्राही के व्यावहारिक अउ आर्थिक समस्या ला दूर करे मं बड़े भूमिका निभाय हे। दूर-दराज के गांव वाले मन के घर तक पहुँच के ओमन के समस्या ला सुनना, समझना अउ ओखर समाधान करे के ए नवा प्रयास ‘सुशासन’ ला सही मायने मं सार्थक करत हे।