0.40 हेक्टेयर में मछली पालन से गुलाब पटेल ने कमाए 10 से 15 लाख रुपये सालाना
रायपुर। सारंगढ़ विकासखंड के ग्राम नवरंगपुर के किसान गुलाब पटेल ने पारंपरिक खेती से अलग मछली पालन को आजीविका का जरिया बनाया। 0.40 हेक्टेयर जमीन पर तालाब तैयार कर उन्होंने मछली पालन शुरू किया और अब हर साल करीब 250 क्विंटल मछली का उत्पादन कर रहे हैं। लागत निकालने के बाद उन्हें 10 से 15 लाख रुपये तक का सालाना शुद्ध लाभ हो रहा है।
गुलाब पटेल के पास उपलब्ध जमीन को तालाब निर्माण के लिए चुना गया। प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना के तहत उन्हें 1.20 लाख रुपये का अनुदान मिला। विभागीय मार्गदर्शन और आर्थिक सहायता से तालाब का निर्माण पूरा हुआ, जिसके बाद उन्होंने व्यवस्थित तरीके से मछली पालन शुरू किया।
मछली पालन में नियमित देखरेख, बेहतर आहार और वैज्ञानिक प्रबंधन को अपनाने से उत्पादन में लगातार बढ़ोतरी हुई। आज छोटे से जलक्षेत्र से होने वाली आय ने गुलाब पटेल के परिवार को आर्थिक रूप से मजबूत आधार दिया है।
गुलाब पटेल की यह कहानी सेवा संकल्प अभियान के जरिए योजनाओं के जमीनी स्तर पर पहुंचने की तस्वीर भी पेश करती है। सरकारी सहायता और विभागीय मार्गदर्शन के साथ किसान की मेहनत ने उपलब्ध जमीन को आय के एक स्थायी साधन में बदल दिया।
गुलाब पटेल का कहना है कि सही योजना, तकनीकी जानकारी और मेहनत के साथ खेती से जुड़े दूसरे विकल्प भी किसानों के लिए अच्छी आजीविका का माध्यम बन सकते हैं। उनकी सफलता ग्रामीण क्षेत्र के अन्य किसानों और युवाओं को भी मछली पालन जैसे व्यवसाय अपनाने के लिए प्रेरित कर रही है।