बीरगांव को 110 करोड़ की नई सौगात, 82 करोड़ से बनेगा सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट
रायपुर, मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बुधवार को बीरगांव नगर निगम क्षेत्र को 135 करोड़ रुपये से अधिक के विकास कार्यों की सौगात दी। उन्होंने विभिन्न विकास कार्यों का लोकार्पण और भूमिपूजन करने के साथ करीब 110 करोड़ रुपये के नए कार्यों की घोषणा भी की। इनमें सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट, पेयजल, सड़क-नाली, खेल मैदान और शिक्षा से जुड़े काम शामिल हैं।
मुख्यमंत्री ने बीरगांव में 82 करोड़ रुपये की लागत से एसटीपी बनाने की घोषणा की। इसके अलावा ओवरहेड टैंक और पाइपलाइन विस्तार के लिए 10 करोड़, सड़क और नाली निर्माण के लिए 5 करोड़ तथा सरोरा में खेल मैदान के विकास के लिए 5 करोड़ रुपये देने की बात कही। विद्यार्थियों और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले युवाओं के लिए नालंदा परिसर बनाने के लिए भी 5 करोड़ रुपये की घोषणा की गई।
बीरगांव के सुनियोजित विकास के लिए स्टेट कैपिटल रीजन के तहत दीर्घकालीन रोडमैप तैयार करने की बात भी मुख्यमंत्री ने कही। उन्होंने बताया कि बीरगांव में मॉडल रजिस्ट्री कार्यालय बनाया जाएगा। इसके अलावा रावांभाठा, बंजारी नगर, शक्तिपारा, मठपारा, शीतलापारा, उरकुरा और मजदूर नगर सरोरा में सर्वे के बाद पात्र लोगों को नियमानुसार आवासीय पट्टे देने की घोषणा की गई।
मुख्यमंत्री ने कहा कि बीरगांव तेजी से विकसित हो रहा औद्योगिक और शहरी क्षेत्र है, इसलिए यहां सड़क, पेयजल, स्वच्छता, सीवरेज और अन्य नागरिक सुविधाओं को भविष्य की जरूरतों के मुताबिक मजबूत करना जरूरी है। उन्होंने बताया कि पिछले ढाई वर्षों में बीरगांव नगर निगम क्षेत्र को 160 करोड़ रुपये से अधिक के विकास कार्य मिल चुके हैं। आज के कार्यक्रम में नगर निगम और लोक निर्माण विभाग समेत नगरोत्थान योजना के कार्यों का भी लोकार्पण और भूमिपूजन हुआ।
कार्यक्रम में प्रधानमंत्री आवास योजना, प्रधानमंत्री स्वनिधि, मुख्यमंत्री गृह निर्माण सम्मान और नोनी सुरक्षा योजना के हितग्राहियों को लाभ दिया गया। सफाई मित्रों और स्वच्छता दीदियों का सम्मान किया गया। बीरगांव नगर निगम को दो नए अग्निशमन वाहन भी सौंपे गए। मुख्यमंत्री ने शासकीय महाविद्यालय परिसर में ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के तहत रुद्राक्ष का पौधा लगाया।
उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने कहा कि बीरगांव को मिले विकास कार्यों से शहर में सड़क, स्वच्छता, पेयजल और दूसरी बुनियादी सुविधाओं का विस्तार होगा। उन्होंने बताया कि पिछले ढाई वर्षों में क्षेत्र में 160 करोड़ रुपये से अधिक के विकास कार्यों की सौगात मिल चुकी है, जिनमें करीब 90 करोड़ रुपये के काम पूरे हो चुके हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का लक्ष्य विकास को शहरों तक सीमित रखने के बजाय हर वर्ग तक पहुंचाना है। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ के प्राकृतिक संसाधनों और मानव क्षमता का बेहतर उपयोग कर प्रदेश को विकास की नई दिशा में आगे ले जाने की जरूरत है।