PMEGP से बेकरी शुरू कर दिलीप-सावित्री बने आत्मनिर्भर
रायपुर, कोरिया जिले के ग्राम ओड़गी के दिलीप और सावित्री गुप्ता ने प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम (PMEGP) का लाभ लेकर अपना बेकरी व्यवसाय शुरू किया। आज उनकी ‘गुड मॉर्निंग बेकरी’ से ब्रेड, टोस्ट, बिस्किट और केक जैसे उत्पाद तैयार किए जा रहे हैं और करीब 10 लोगों को रोजगार भी मिल रहा है।
दिलीप ने आर्थिक चुनौतियों के बीच करीब पांच साल दूसरी बेकरी में काम किया। इस दौरान उन्होंने बेकरी उत्पादन, गुणवत्ता और बाजार की जरूरतों का अनुभव हासिल किया। वर्ष 2023-24 में उन्हें PMEGP योजना की जानकारी मिली, जिसके बाद उन्होंने पत्नी सावित्री के साथ अपना कारोबार शुरू करने का निर्णय लिया।
सावित्री ने योजना के तहत करीब 10 लाख रुपये का ऋण लिया। परिवार ने भी 2 से 3 लाख रुपये का निवेश किया। इसके बाद करीब 10 से 12 हजार वर्गफीट क्षेत्र में बेकरी उद्योग शुरू किया गया।
बेकरी में ब्रेड, टोस्ट, बिस्किट, केक और अन्य उत्पाद तैयार किए जाते हैं। इसके उत्पाद बैकुंठपुर के साथ कुदरगढ़, खर्रा और सूरजपुर तक पहुंच रहे हैं। कच्चा माल आसपास के क्षेत्रों के साथ अनूपपुर और मनेंद्रगढ़ से भी मंगाया जाता है।
दिलीप के बेकरी क्षेत्र के अनुभव और सावित्री के सहयोग से कारोबार धीरे-धीरे आगे बढ़ा। व्यवसाय बढ़ने के साथ स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के अवसर भी तैयार हुए और वर्तमान में करीब 10 लोग बेकरी में काम कर रहे हैं।
सावित्री का कहना है कि PMEGP से मिले आर्थिक सहयोग ने अपने व्यवसाय का सपना पूरा करने में मदद की। उनका कहना है कि सरकारी सहयोग, सही मार्गदर्शन और मेहनत के जरिए स्वरोजगार को सफल व्यवसाय में बदला जा सकता है।
दिलीप और सावित्री की कहानी इस बात का उदाहरण है कि योजनाओं से मिले अवसर का उपयोग कर परिवार आत्मनिर्भर बनने के साथ दूसरों के लिए भी रोजगार का माध्यम बन सकता है। दूसरे की बेकरी में काम करने से शुरू हुआ दिलीप का सफर आज अपने कारोबार तक पहुंच चुका है।