बस्तर में कनेक्टिविटी बढ़ाने पर विशेष जोर: दिसंबर तक सड़क और पुल-पुलियों के काम पूरे करने के निर्देश
रायपुर: राज्य शासन द्वारा बस्तर संभाग में सड़क कनेक्टिविटी के विस्तार पर विशेष जोर दिया जा रहा है। इसी कड़ी में लोक निर्माण विभाग के सचिव मुकेश कुमार बंसल ने नवा रायपुर स्थित ‘निर्माण भवन’ में वरिष्ठ अधिकारियों, बस्तर परिक्षेत्र के अभियंताओं और ठेकेदारों की उच्चस्तरीय बैठक लेकर निर्माणाधीन कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने भारत सरकार के आर.आर.पी. और आर.सी.पी.एल.डब्लू.ई.ए. योजना के तहत बस्तर के विभिन्न जिलों में चल रहे सड़क व पुल-पुलियों के निर्माण कार्यों को आगामी दिसंबर माह तक हर हाल में पूरा करने के सख्त निर्देश दिए हैं।
10 सितंबर तक प्रगति दिखाने की चेतावनी, लापरवाही पर होगी कार्रवाई
समीक्षा बैठक के दौरान सचिव बंसल ने कड़े तेवर दिखाते हुए बस्तर परिक्षेत्र के सभी 9 संभागों में काम कर रहे ठेकेदारों को 10 सितंबर तक संतोषजनक कार्य प्रगति दिखाने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि जिन निर्माण कार्यों में अपेक्षित प्रगति नहीं आएगी, उन ठेकेदारों को ब्लैकलिस्ट कर उनके अनुबंध तत्काल निरस्त किए जाएंगे। साथ ही, अनुबंध के अनुसार कार्यक्षेत्रों में प्लांट और मशीनरी नहीं लगाने वाले ठेकेदारों पर भी नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
गुणवत्ता और समयसीमा पर विशेष फोकस
- नियमित निरीक्षण: मैदानी अधिकारियों को सप्ताह में दो से तीन दिन कार्यस्थलों का दौरा कर निर्माण सामग्री और गुणवत्ता की जांच करने के निर्देश दिए गए हैं। हर 15 दिनों में कार्यों की प्रगति की समीक्षा की जाएगी।
- त्वरित भुगतान: ठेकेदारों द्वारा किए जा रहे कार्यों की नियमित जांच कर समय पर भुगतान करने और एक महीने के भीतर बिलों के निराकरण के निर्देश दिए गए हैं।
- पेच रिपेयर और मरम्मत: बरसात के तुरंत बाद सड़कों के पेच रिपेयर के लिए 30 सितंबर तक एजेंसियों के निर्धारण की निविदा प्रक्रिया पूरी करने को कहा गया है, ताकि गड्ढों को भरकर सुगम आवागमन सुनिश्चित किया जा सके। बाढ़ और अतिवृष्टि से क्षतिग्रस्त सड़कों-पुलों की स्थायी मरम्मत प्राथमिकता से होगी।
वन-व्यपवर्तन और भू-अर्जन मामलों के त्वरित निराकरण के निर्देश
बैठक में वित्तीय वर्ष 2025-26 और 2026-27 के प्राथमिकता वाले कार्यों के प्राक्कलन सबमिशन की समीक्षा की गई। स्वीकृत नए कार्यों में भू-अर्जन और वन-व्यपवर्तन के लंबित मामलों की जानकारी शासन को भेजने के निर्देश दिए गए ताकि उच्च स्तर पर उनका जल्द निराकरण हो सके। इसके अलावा अनुकंपा नियुक्ति, पेंशन, विभागीय जांच, न्यायालयीन मामलों तथा मुख्यमंत्री हेल्पलाइन, सेवा सेतु और लोक सेवा गारंटी के प्रकरणों का समय-सीमा में निपटारा करने के भी निर्देश दिए गए।
बैठक में लोक निर्माण विभाग के प्रमुख अभियंता वी.के. भतपहरी, अपर सचिव एस.एन. श्रीवास्तव, उप सचिव अंशिका पाण्डेय, बस्तर परिक्षेत्र के मुख्य अभियंता एम.एल. उरांव, सेतु परिक्षेत्र के मुख्य अभियंता एस.के. कोरी, विद्युत एवं यांत्रिकी के मुख्य अभियंता टी.आर. कुंजाम सहित सभी 9 संभागों के कार्यपालन अभियंता और अनुविभागीय अधिकारी उपस्थित थे।